जीवन की गाथा
Submitted By: Pragyan shukla
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अम्बर की गोद में, तारे हँसते, धरती की छाती पर बीज बसते। सूर्य की किरणें नई राह दिखाएँ, बहती हवाएँ जीवन गीत गाएँ। कलियाँ खिलकर खुशबू फैलातीं, नदियाँ बहकर सागर को पातीं। समय चलता है, रुकता नहीं कभी, हर पल नया है, है एक अनमोल नगी। सपनों का संसार आँखों में पलता, आशा की लौ से मन का अँधेरा गलता। यह जीवन एक अद्भुत कला, हर पल है इसमें एक नई चला।
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Reg ID: HF25-5399
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