ज़िंदगी के रंग
Submitted By: Radhika Kalburgi
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हसीन है, रंगीन है, ये जिंदगी फिर भी अजीब है; क़्वाइशें हैं, आरज़ू है,पर रुसवाईयां भी है; महफ़िल है, दोस्ती है, पर तन्हाइयाँ भी है; आराम है, गुमान है, परेशानिया भी है; कशिश है, जूनून है, कहीं दिल मजबूर भी है; संभलता है, चलता है, पर टूटता दिल भी है; फिर भी हंसते हैं, मुस्कुराते है, नये सवेरे की नई उमंग जगमाते है; इन्नही रंगों से सजी है जिंदगी.
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Reg ID: HF25-5301
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